एक से दश — 1 से 10
अनुमानित समय: 18 मिनट
संस्कृत में संख्याएँ
संस्कृत में संख्याएँ (numbers) विशेष शब्द हैं। 1 से 4 तक की संख्याएँ लिंग के अनुसार बदलती हैं, और 5 से आगे की संख्याएँ केवल बहुवचन में प्रयुक्त होती हैं।
1 से 10 — मूल संख्याएँ
| अंक | संस्कृत | हिन्दी | विशेष |
|---|---|---|---|
| 1 | एक | एक | तीनों लिंग, एकवचन |
| 2 | द्वि | दो | तीनों लिंग, द्विवचन |
| 3 | त्रि | तीन | तीनों लिंग, बहुवचन |
| 4 | चतुर् | चार | तीनों लिंग, बहुवचन |
| 5 | पञ्च | पाँच | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
| 6 | षष् | छह | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
| 7 | सप्त | सात | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
| 8 | अष्ट / अष्टन् | आठ | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
| 9 | नव | नौ | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
| 10 | दश | दस | लिंग-भेद नहीं, बहुवचन |
एक (1) — तीनों लिंग, एकवचन
‘एक’ सर्वनाम की भाँति रूप बदलता है (केवल एकवचन):
| विभक्ति | पुल्लिंग | स्त्रीलिंग | नपुंसकलिंग |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | एकः | एका | एकम् |
| द्वितीया | एकम् | एकाम् | एकम् |
| तृतीया | एकेन | एकया | एकेन |
एकः बालकः गच्छति। = एक बालक जाता है। एका बालिका पठति। = एक बालिका पढ़ती है। एकम् फलम् अस्ति। = एक फल है।
द्वि (2) — तीनों लिंग, द्विवचन
‘द्वि’ सदा द्विवचन में:
| विभक्ति | पुल्लिंग | स्त्रीलिंग | नपुंसकलिंग |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | द्वौ | द्वे | द्वे |
| द्वितीया | द्वौ | द्वे | द्वे |
| तृतीया | द्वाभ्याम् | द्वाभ्याम् | द्वाभ्याम् |
द्वौ बालकौ क्रीडतः। = दो बालक खेलते हैं। द्वे बालिके गच्छतः। = दो बालिकाएँ जाती हैं।
त्रि (3) — तीनों लिंग, बहुवचन
| विभक्ति | पुल्लिंग | स्त्रीलिंग | नपुंसकलिंग |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | त्रयः | तिस्रः | त्रीणि |
| द्वितीया | त्रीन् | तिस्रः | त्रीणि |
| तृतीया | त्रिभिः | तिसृभिः | त्रिभिः |
त्रयः बालकाः आगच्छन्ति। = तीन बालक आते हैं। तिस्रः बालिकाः पठन्ति। = तीन बालिकाएँ पढ़ती हैं। त्रीणि फलानि सन्ति। = तीन फल हैं।
चतुर् (4) — तीनों लिंग, बहुवचन
| विभक्ति | पुल्लिंग | स्त्रीलिंग | नपुंसकलिंग |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | चत्वारः | चतस्रः | चत्वारि |
| द्वितीया | चतुरः | चतस्रः | चत्वारि |
| तृतीया | चतुर्भिः | चतसृभिः | चतुर्भिः |
चत्वारः वेदाः सन्ति। = चार वेद हैं।
पञ्च से दश (5-10) — लिंग-भेद नहीं
पञ्च (5) से आगे की संख्याएँ लिंग के अनुसार नहीं बदलतीं — तीनों लिंगों में एक ही रूप:
| विभक्ति | पञ्च (5) | षष् (6) | सप्त (7) |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | पञ्च | षट् | सप्त |
| द्वितीया | पञ्च | षट् | सप्त |
| तृतीया | पञ्चभिः | षड्भिः | सप्तभिः |
पञ्च पाण्डवाः आसन्। = पाँच पाण्डव थे। षट् ऋतवः भवन्ति। = छह ऋतुएँ होती हैं। सप्त दिनानि सन्ति सप्ताहे। = सप्ताह में सात दिन हैं। अष्टौ दिशाः सन्ति। = आठ दिशाएँ हैं। नव ग्रहाः सन्ति। = नौ ग्रह हैं। दश अवताराः विष्णोः। = विष्णु के दस अवतार हैं।
हिन्दी और संस्कृत — तुलना
| संस्कृत | हिन्दी | अंग्रेजी |
|---|---|---|
| एक | एक | one |
| द्वि | दो | two |
| त्रि | तीन | three |
| चतुर् | चार | four |
| पञ्च | पाँच | five |
| षष् | छह | six |
| सप्त | सात | seven |
| अष्ट | आठ | eight |
| नव | नौ | nine |
| दश | दस | ten |
ध्यान दें — हिन्दी संख्या शब्द सीधे संस्कृत से विकसित हुए हैं!
प्रसिद्ध संख्यावाले शब्द
| शब्द | विच्छेद | अर्थ |
|---|---|---|
| त्रिलोक | त्रि + लोक | तीन लोक |
| चतुर्वेद | चतुर् + वेद | चार वेद |
| पञ्चतन्त्र | पञ्च + तन्त्र | पाँच तन्त्र |
| सप्तर्षि | सप्त + ऋषि | सात ऋषि |
| अष्टाध्यायी | अष्ट + अध्यायी | आठ अध्यायों वाली |
| नवरात्र | नव + रात्र | नौ रातें |
| दशरथ | दश + रथ | दस रथों वाला |
याद रखें
- 1-4 (एक, द्वि, त्रि, चतुर्) = लिंग के अनुसार बदलते हैं
- 5-10 (पञ्च से दश) = लिंग-भेद नहीं, केवल बहुवचन
- एक = केवल एकवचन, द्वि = केवल द्विवचन, त्रि-चतुर् = बहुवचन
- हिन्दी संख्या शब्द (एक, दो, तीन…) संस्कृत से ही आए हैं
अभ्यास
'पञ्च' का अर्थ क्या है?