हलन्त शब्द — राजन्, आत्मन्, विद्वस्
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हलन्त शब्द — व्यञ्जनान्त प्रातिपदिक
अभी तक हमने स्वरान्त (vowel-ending) शब्द पढ़े — राम (अ-अन्त), देव (अ-अन्त), नदी (ई-अन्त), गुरु (उ-अन्त)।
अब हम हलन्त (consonant-ending) शब्द पढ़ेंगे — जिनका प्रातिपदिक (stem) व्यञ्जन पर समाप्त होता है।
प्रमुख हलन्त शब्द-प्रकार
| अन्त | उदाहरण | अर्थ |
|---|---|---|
| -न् (अन् अन्त) | राजन्, आत्मन्, नामन् | राजा, आत्मा, नाम |
| -स् (वस्/मस् अन्त) | विद्वस्, चन्द्रमस् | विद्वान्, चन्द्रमा |
| -त् (अत्/मत् अन्त) | भगवत्, श्रीमत् | भगवान्, श्रीमान् |
1. राजन् शब्द (पुल्लिङ्ग) — -न् अन्त
सम्पूर्ण विभक्ति
| विभक्ति | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | राजा | राजानौ | राजानः |
| द्वितीया | राजानम् | राजानौ | राज्ञः |
| तृतीया | राज्ञा | राजभ्याम् | राजभिः |
| चतुर्थी | राज्ञे | राजभ्याम् | राजभ्यः |
| पञ्चमी | राज्ञः | राजभ्याम् | राजभ्यः |
| षष्ठी | राज्ञः | राज्ञोः | राज्ञाम् |
| सप्तमी | राज्ञि/राजनि | राज्ञोः | राजसु |
| सम्बोधन | हे राजन् | हे राजानौ | हे राजानः |
विशेषताएँ
- प्रथमा ए.: राजन् + सु → राजा (न् का लोप, दीर्घ आ)
- तृतीया, चतुर्थी, पञ्चमी, षष्ठी ए.: ‘अन्’ → ‘ञ्’ (राज्ञा, राज्ञे, राज्ञः)
- सम्बोधन: राजन् (मूल रूप ही)
2. आत्मन् शब्द (पुल्लिङ्ग) — -न् अन्त
| विभक्ति | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | आत्मा | आत्मानौ | आत्मानः |
| द्वितीया | आत्मानम् | आत्मानौ | आत्मनः |
| तृतीया | आत्मना | आत्मभ्याम् | आत्मभिः |
| षष्ठी | आत्मनः | आत्मनोः | आत्मनाम् |
| सम्बोधन | हे आत्मन् | हे आत्मानौ | हे आत्मानः |
‘आत्मन्’ और ‘राजन्’ दोनों -न् अन्त हैं, लेकिन कुछ रूपों में अन्तर है (राज्ञा vs आत्मना)।
3. विद्वस् शब्द (पुल्लिङ्ग) — -वस् अन्त
| विभक्ति | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | विद्वान् | विद्वांसौ | विद्वांसः |
| द्वितीया | विद्वांसम् | विद्वांसौ | विदुषः |
| तृतीया | विदुषा | विद्वद्भ्याम् | विद्वद्भिः |
| षष्ठी | विदुषः | विदुषोः | विदुषाम् |
| सप्तमी | विदुषि | विदुषोः | विद्वत्सु |
| सम्बोधन | हे विद्वन् | हे विद्वांसौ | हे विद्वांसः |
विशेषताएँ
- प्रथमा ए.: विद्वान् (सबसे प्रसिद्ध रूप)
- प्रथमा/द्वितीया: ‘वांस’ रूप (विद्वांसौ, विद्वांसः)
- तृतीया आदि: ‘विदुष’ रूप (विदुषा, विदुषः)
4. भगवत् शब्द (पुल्लिङ्ग) — -त् अन्त
| विभक्ति | एकवचन | द्विवचन | बहुवचन |
|---|---|---|---|
| प्रथमा | भगवान् | भगवन्तौ | भगवन्तः |
| द्वितीया | भगवन्तम् | भगवन्तौ | भगवतः |
| तृतीया | भगवता | भगवद्भ्याम् | भगवद्भिः |
| षष्ठी | भगवतः | भगवतोः | भगवताम् |
| सम्बोधन | हे भगवन् | हे भगवन्तौ | हे भगवन्तः |
साहित्य में प्रयोग
राजा दशरथः अयोध्यायां वसति स्म। (राजा दशरथ अयोध्या में रहते थे।)
आत्मा न हन्यते हन्यमाने शरीरे। (गीता 2.20 — शरीर के नाश होने पर आत्मा नहीं मरती।)
विद्वान् सर्वत्र पूज्यते। (विद्वान् सर्वत्र पूजित होता है।)
भगवान् उवाच। (भगवान् ने कहा — गीता का प्रसिद्ध वाक्य।)
याद रखें
- हलन्त शब्द = व्यञ्जन पर समाप्त stem — राजन्, आत्मन्, विद्वस्, भगवत्
- राजन्: राजा/राजानौ/राजानः (प्रथमा), राज्ञा (तृतीया)
- आत्मन्: आत्मा/आत्मानौ/आत्मानः
- विद्वस्: विद्वान्/विद्वांसौ/विद्वांसः, विदुषा (तृतीया)
- ये शब्द संस्कृत साहित्य में अत्यन्त प्रचलित हैं — गीता, रामायण, उपनिषद् सर्वत्र मिलते हैं
अभ्यास
प्रश्न 1 / 70 सही
'हलन्त' शब्द किसे कहते हैं?